शख्स ने बॉस के लिए टॉयलेट पेपर पर लिखा अपना इस्तीफा, हो गया वायरल

शख्स ने बॉस के लिए टॉयलेट पेपर पर लिखा अपना इस्तीफा, हो गया वायरल

लोग नौकरी पाने के लिए लगातर मेहनत करते हैं तो वहीं नौकरीपेशा लोग अपना काम पूरा करने के लिए जी तोड़ मेहनत भी कर रहे हैं। लेकिन सोचिए कोई कर्मचारी अपने बॉस को अपना रिजाइन लेटर टॉयलेट पेपर पर लिखकर भेज तो शायद यह एक अजूबा होगा। एक कर्मचारी ने जब नौकरी छोड़ी तो उसका रेजिगनेशन लेटर सोशल मीडिया पर वायरल हो गया क्योंकि उसने इसे टॉयलेट पेपर पर लिखा है।

दरअसल, इस कर्मचारी का रिजाइन लेटर सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है। लेविस नाम के इस कर्मचारी ने इसे सोशल मीडिया स्पेस रेडिट पर पोस्ट किया है। डेली स्टार की एक रिपोर्ट के मुताबिक, इस शख्स ने लेटर की कई तस्वीरें शेयर की हैं। जैसे ही शख्स की कहानी वायरल हुई लोग मौजे लेने लगे। हालांकि इनमें से कुछ लोगों ने यह भी पूछा कि ऐसा क्या हो गया कि शख्स को टॉयलेट पेपर पर अपना रेजिगनेशन लिखना पड़ा।

रिपोर्ट के मुताबिक, टॉयलेट पेपर पर लिखे गए इस नोट में लिखा है कि मैं 25 तारीख को यहां से चला जाऊंगा। इतना ही नहीं इसके लिए कर्मचारी ने एक बिना कपड़े का कार्टून भी बनाया है, कार्टून को उसने अपने रूप में प्रेजेंट किया है। उसने आगे लिखा कि आज मैं अपना इस्तीफा सौंप रहा हूं। हालांकि लेविस ने लोगों को यह भी बताया कि उसके बॉस को उसका इस्तीफा पसंद आया है, क्योंकि वो एक आराम की नौकरी कर रहा था।


बर्खास्‍त इंस्‍पेक्‍टर सहित 9 पुलिसवालों की संपत्ति की होगी जांच, क्रेटा और 20 लाख लेकर छोड़ दिया था ATM हैकर को

बर्खास्‍त इंस्‍पेक्‍टर सहित 9 पुलिसवालों की संपत्ति की होगी जांच, क्रेटा और 20 लाख लेकर छोड़ दिया था ATM हैकर को

क्रेटा कार और 20 लाख रुपए लेकर एटीएम हैकर गिरोह को छोड़ देने के मामले में बर्खास्‍त इंस्‍पेक्‍टर, हेड कांस्‍टेबल सहित सभी नौ आरोपी पुलिसकर्मियों की संपत्ति की जांच होगी। पुलिस कमिश्‍नर आलोक सिंह ने इसका आदेश देते हुए कहा कि यदि इन पर आय से अधिक संपति की पुष्टि होती है तो इस मामले में भी कार्रवाई की जाएगी।

नोएडा में यूपी पुलिस के इंस्‍पेक्‍टर, हेडकांस्‍टेबल और सिपाहियों का बड़ा भ्रष्‍टाचार सामने आने के बाद महकमे में हड़कंप मच गया है। डीसीपी क्राइम की जांच रिपोर्ट के बाद एसओजी के प्रभारी और एक हैडकांस्टेबल को दोषी मानते हुए पुलिस सेवा से बर्खास्त कर दिया गया है। जिले की पूरी एसओजी टीम को भंग कर उनकी संलिप्तता की भी जांच की जा रही है। पुलिस कमिश्नर आलोक सिंह के मुताबिक गाजियाबाद के इंदिरापुरम थाना क्षेत्र में पकड़े गए एटीएम हैकर गिरोह से पता चला था कि उन्हें कुछ समय पहले नोएडा में एसओजी की टीम ने पकड़ा था और एक कार और बीस लाख रूपये लेकर छोड़ दिया था।

इस मामले में उन्होंने डीसीपी क्राइम अभिषेक को जांच सौंपी थी। अभिषेक से 24 घंटे में जांच रिपोर्ट तलब की गई थी। इस जांच रिपोर्ट के आने के बाद एसओजी के तत्कालीन प्रभारी शावेज खान और हेड कांस्टेबल अमरीशकांत यादव को तत्काल पुलिस सेवा से बर्खास्त कर दिया गया है। जिले की पूरी एसओजी टीम को भंग कर लाइन हाजिर कर दिया गया है। जिसमें एक दारोगा, तीन हेड कांस्टेबल और पांच कांस्टेबल लाइन हाजिर किए गये हैं। पुलिस कमिश्नर के द्धारा तत्काल की गई इस कार्रवाई से जिले के पुलिस कर्मियों में हड़कम्प मचा है।   

इस मामले में एडिशनल कमिश्‍नर लॉ एंड आर्डर लव कुमार ने कहा कि इस मामले में अभी जांच जारी है और आगे की जांच में यदि किसी और पुलिसकर्मी की कोई संलिप्तता निकलती है या कुछ और मामला पकड़ में आता है तो उनके खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाएगी। अपने ऐसे कृत्यों से पूरे विभाग को शर्मसार करने वाले पुलिसकर्मियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जायेगा। 

साफ छवि और कर्मठी पुलिसवालों की तलाश

नोएडा में नई एसओजी टीम के गठन के लिए अधिकारियों को साफ छवि वाले कर्मठ पुलिसकर्मियों की तलाश है। इनका कमिश्नरी से चयन कर एसओजी की नई टीम बनाने के निर्देश दिए गये हैं।  

पुलिस वालों की कॉड डिटेल खंगाली जाएगी

आरोपियों से हुई पूछताछ के बाद अब पुलिस की टीम एक इंस्पेक्टर और तीन कांस्टेबल समेत पांच लोगों की सीडीआर और घटना वाले दिन की मोबाइल की लोकेशन भी निकलवा रही है. जिससे आरोपों को लेकर अधिक साक्ष्य जुटाये जा सकें। घटना वाले दिन की विभिन्न इलाकों की सीसीटीवी फुटेज भी निकाली जाएगी। पुलिस के द्धारा एटीएम हैकर के मोबाइल की भी पूरी डिटेल हासिल की जा रही है, जिससे यह भी पता लग सकेगा कि वह किन-किन पुलिस कर्मियों के संपर्क में रहा है।