गोरखपुर के टप्पेबाजों के गिरोह में पुलिसकर्मी भी शामिल, क्राइम ब्रांच के नाम पर करते हैं लूटपाट

गोरखपुर के टप्पेबाजों के गिरोह में पुलिसकर्मी भी शामिल, क्राइम ब्रांच के नाम पर करते हैं लूटपाट

गोला थाना क्षेत्र में पकड़े गए टप्पेबाजों के गिरोह में पुलिस कर्मी भी शामिल हैं। टप्पेबाजों का यह गिरोह कभी क्राइम ब्रांच के नाम पर तो कभी स्वाट के नाम पर लोगों से लूटपाट करता है। पुलिस को यह जानकारी गिरोह के दो सदस्यों के पकड़े जाने के बाद मिली है। गिरोह में शामिल पुलिस कर्मियों की तलाश भी शुरू हो गई है।

बदमाशों ने दी जानकारी

सोमवार की रात गोला थाना क्षेत्र के दो लाख की लूट करके भाग रहे दो बदमाशों के पकड़े जाने के बाद पुलिस को कई चौकाने वाली जानकारियां मिल रही हैं। बदमाशों ने बताया है कि उनके गिरोह में एक सिपाही भी शामिल है। इस लिए वह आसानी से छद्म क्राइम ब्रांच की टीम का सदस्य बताकर आसानी से टप्पेबाजी कर लेते हैं। सोमवार रात 11 बजे बदमाशों ने गोला थाना क्षेत्र के दुबौली निवासी अंशुमान राय को लमतिया में ओवरटेक किया। वह अभी कुछ समझ पाते कि बदमाशों ने असलहा दिखाकर उनसे दो लाख रुपये लूटे और फरार हो गए। भागते समय एक बाइक रामेश्वर दूबे के मकान के सामने गिर गई। इससे दो बदमाशों को ग्रामीणों ने दबोच लिया, जबकि दूसरे बाइक पर सवार दो बदमाश मौके से भाग निकले। पुलिस उनकी तलाश में जुटी है। हालांकि पुलिस अभी पकड़े गए बदमाशों के संबंध में स्पष्ट रूप से कुछ भी कहने से इंकार कर रही है। दोनों बदमाश गैर जनपद के निवासी बताए जाते हैं।

एसएसपी दिनेश कुमार पी का कहना है कि गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश चल रही है। गिरोह में कुछ पुलिस कर्मियों के भी शामिल होने की आशंका है। इसकी छानबीन की जा रही है। जल्द ही घटना का पर्दाफाश होगा। गिरोह में जिस किसी की भी संलिप्तता होगी, उसे गिरफ्तार करके जेल भेजा जाएगा।

क्राइम ब्रांच के नाम पर हुई थी लूट

गोला थाने में आयोजित पत्रकार वार्ता में एसपी दक्षिणी एके सिंह ने बताया कि पीडि़त व बदमाशों के बीच में रुपये दोगुने करने को लेकर डील हुई थी। बदमाशों से मिली जानकारी के आधार पर उन्होंने बताया कि लमतिया में अंशुमान राय बदमाशों को दो लाख रुपये दे रहे थे। बदमाश भी दूसरे बैग में कुछ लौटा रहे थे। इस दौरान पीछे किसी ने क्राइम ब्रांच का नाम लेकर शोर मचाया और बदमाश वहां से भाग निकले।

युवक पर किया जानलेवा हमला, केस

गुलरिहा थाना क्षेत्र के सरहरी गांव के बंदरहां टोले में सुबह नाली साफ करने के दौरान ग्रामवासी अवधेश पर उनके पड़ोसियों ने जानलेवा हमला कर दिया। अवधेश ने आरोप लगाया है कि पड़ोसियों के हमले में उसका सिर फट गया। गुलरिहा थाना पुलिस ने उसकी तहरीर पर पड़ोसी रामलखन, उनकी पत्नी ऊषा देवी, पुत्र अजीत व पुत्री बबिता के विरुद्ध मुकदमा दर्ज किया है।


पूर्व CM कल्याण सिंह की हालत नाजुक, हाल जानने PGI पहुंचीं उमा भारती

पूर्व CM कल्याण सिंह की हालत नाजुक, हाल जानने PGI पहुंचीं उमा भारती

उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री व पूर्व राज्यपाल कल्याण सिंह के स्‍वास्‍थ्‍य की स्थिति बेहद नाजुक बनी हुई है। लखनऊ के संजय गांधी आयुर्विज्ञान संस्थान (एसजीपीजीआइ) से मिली जानकारी के अनुसार क्रिटिकल केयर मेडिसिन के गहन चिकित्सा कक्ष (आइसीयू) में विशेषज्ञ चिकित्सकों की देखरेख में उनका उपचार चल रहा है। उनके गुर्दे तीन दिन से ठीक तरह से काम नहीं कर रहे हैं। डॉक्टरों ने डायलिसिस शुरू कर दी है। बुधवार को मध्य प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री व वरिष्ठ भाजपा नेता उमा भारती ने अस्पताल पहुंचकर कल्याण सिंह का हालचाल लिया। उमा भारती ने डॉक्टरों और परिवारीजन से उनके स्वास्थ्य के बारे में बातचीत भी की।

लखनऊ संजय गांधी पीजीआइ में भर्ती चल रहे पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह को देखने के लिए बुधवार को भाजपा नेता उमा भारती भी पहुंचीं। वहां पहुंचकर उन्होंने डॉक्टरों से कल्याण सिंह की सेहत का हालचाल जाना। हालांकि इस दौरान कल्याण सिंह अचेत अवस्था में रहे। उमा भारती ने एसजीपीजीआइ के डॉक्टरों और पूर्व सीएम के परिवारजन से मुलाकात कर उनकी तबीयत के बारे में अपडेट लिया। डॉक्टरों के अनुसार पूर्व मुख्यमंत्री की हालत लगातार चिंताजनक और नाजुक बनी हुई है। इससे पहले मंगलवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कल्याण सिंह का हाल लिया। उनके स्वास्थ्य की स्थिति के बारे में जानकारी ली।


पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह की किडनी की कार्य शक्ति काफी कम हो गई है। इस कारण उनकी लगातार डायलिसिस की जा रही है। स्वास्थ्य स्थिति अभी भी नाजुक बनी हुई है। वह लाइफ सेविंग सपोर्ट सिस्टम पर हैं। वह लगातार डायलिसिस पर हैं। विशेषज्ञ सलाहकारों द्वारा उनके नैदानिक मापदंडों की बारीकी से निगरानी की जा रही है। सीसीएम कार्डियोलॉजी, नेफ्रोलाजी, न्यूरोलॉजी और एंडोक्रिनोलॉजी उनके स्वास्थ्य से जुड़े तमाम पहलुओं पर कड़ी नजर रखे हुए हैं।

पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह को तीन जुलाई के देर रात लखनऊ के डॉ. राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान में भर्ती कराया गया था, जहां से हालत गंभीर होने के बाद चार जुलाई की शाम संजय गांधी पीजीआइ में शिफ्ट किया गया। उनको पीजीआइ के सीसीएम (क्रिटिकल केयर मेडिसिन) डिपार्टमेंट के आइसीयू (इंटेंसिव केयर यूनिट) में भर्ती किया गया है। कल्याण सिंह का हालचाल लेने के लिए लगातार पार्टी के वरिष्ठ नेता पहुंच रहे हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ उनके इलाज की लगातार निगरानी कर रहे हैं।