दिल्ली के पहले खिताब की राह में केकेआर की चुनौती, दोनों टीमों के पास फाइनल में पहुंचने का आखिरी मौका

दिल्ली के पहले खिताब की राह में केकेआर की चुनौती, दोनों टीमों के पास फाइनल में पहुंचने का आखिरी मौका

पहले आइपीएल खिताब की तलाश में जुटी दिल्ली कैपिटल्स को बुधवार को दूसरे क्वालीफायर में अच्छी फार्म में चल रही कोलकाता नाइटराइडर्स (केकेआर) की कड़ी चुनौती का सामना करना होगा। दिल्ली कैपिटल्स की टीम पहली बड़ी परीक्षा में नाकाम रही थी जब उसे पहले क्वालीफायर में चेन्नई सुपरकिंग्स (सीएसके) के खिलाफ हार का सामना करना पड़ा था। इस मुकाबले की विजेता टीम का सामना शुक्रवार को फाइनल में सीएसके से होगा।

रिषभ पंत की अगुआई वाली टीम अगर केकेआर के खिलाफ शिकस्त झेलती है तो उसका अभियान यहीं खत्म हो जाएगा। इसमें कोई संदेह नहीं कि सोमवार को एलिमिनेटर में रायल चैलेंजर्स बेंगलुरु (आरसीबी) को हराने के बाद केकेआर की टीम आत्मविश्वास से भरी है। अगर लय और सही समय पर अपना शीर्ष स्तर का खेल दिखाने को पैमाना मानें तो निश्चित तौर पर केकेआर का पलड़ा भारी नजर आता है। दिल्ली के पास हालांकि बेहतर खिलाड़ी हैं और उसकी टीम में गहराई है।


लीग चरण में दिल्ली की टीम 10 जीत से 20 अंक जुटाकर शीर्ष पर रही थी, लेकिन उसे पता है कि केकेआर के खिलाफ उसकी राह आसान नहीं होगी। आस्ट्रेलिया के पूर्व कप्तान रिकी पोंटिंग के कोच के रूप में जुड़ने के बाद से दिल्ली की टीम लगातार मजबूत हुई है। टीम 2019 में तीसरे स्थान पर रही थी, जबकि पिछले साल फाइनल में जगह बनाने में सफल रही। टीम इस बार एक कदम और आगे बढ़ते हुए खिताब जीतना चाहेगी।

दिल्ली की टीम टूर्नामेंट की सबसे संतुलित टीमों में से एक है। उसके पास मजबूत बल्लेबाजी क्रम के अलावा प्रभावी तेज गेंदबाजी आक्रमण है, जिसे दिग्गज स्पिनर रविचंद्रन अश्विन से काफी सहयोग मिलता है। शिखर धवन, पृथ्वी शा और श्रेयस अय्यर की मौजूदगी में टीम का शीर्षक्रम काफी मजबूत है। पंत और शिमरोन हेटमायर मध्यक्रम को मजबूती देते हैं। धवन पिछले सत्र में 618 रन के साथ दूसरे सबसे सफल बल्लेबाज रहे, जबकि मौजूदा सत्र में भी वह 551 रन बना चुके हैं।


उनके सलामी जोड़ीदार पृथ्वी ने भी सीएसके के खिलाफ प्रभावी प्रदर्शन किया था। गेंदबाजी में कैगिसो रबादा (2020 के पर्पल कैप विजेता) और दक्षिण अफ्रीका के उनके साथी तेज गेंदबाज एनरिक नोत्र्जे की जोड़ी शानदार प्रदर्शन कर रही है। तेज गेंदबाज आवेश खान ने भी मौजूदा सत्र में अब तक 23 विकेट चटकाए हैं और केकेआर के खिलाफ वह अपने विकेटों की संख्या में इजाफा करना चाहेंगे। दिल्ली ने टूर्नामेंट के यूएई चरण में पांच जीत दर्ज की हैं, लेकिन उसने जो मैच गंवाए हैं उसमें केकेआर के खिलाफ हार भी शामिल है और टीम को बदला लेने के लिए प्लेआफ से बेहतर मुकाबला नहीं मिलेगा। लेकिन, दिल्ली की राह आसान नहीं होगी, क्योंकि भारत में पहले चरण में लचर प्रदर्शन के बाद इयोन मोर्गन की टीम ने यूएई चरण में शानदार वापसी की है।


केकेआर की टीम बेहतर नेट रन रेट के कारण पांच बार की चैंपियन मुंबई इंडियंस को पछाड़कर प्लेआफ में जगह बनाने में सफल रही। यूएई में दूसरे चरण में केकेआर की टीम के प्रदर्शन में काफी सुधार हुआ है और अगर आरसीबी के खिलाफ प्रदर्शन को संकेत माना जाए तो मोर्गन की टीम को हराना आसान नहीं होगा। स्पिन के अनुकूल पिच पर वरुण चक्रवर्ती और सुनील नरेन की स्पिन जोड़ी दिल्ली के मजबूत बल्लेबाजी क्रम की कड़ी परीक्षा लेगी। मौजूदा सत्र में केकेआर की बल्लेबाजी उसका मजबूत पक्ष नहीं रही है और दिल्ली की टीम इसका फायदा उठाने की कोशिश करेगी। टीम को शुभमन गिल, वेंकटेश अय्यर और राहुल त्रिपाठी (393 रन के साथ अब तक मौजूदा सत्र में टीम के शीर्ष स्कोरर) से अच्छी शुरुआत की उम्मीद होगी, जबकि केकेआर को अगर फाइनल में जगह बनानी है तो मोर्गन से भी बड़ी पारी की उम्मीद होगी।


टीम :

दिल्ली कैपिटल्स : रिषभ पंत (कप्तान), अजिंक्य रहाणे, पृथ्वी शा, रिपल पटेल, शिखर धवन, शिमरोम हेटमायर, श्रेयस अय्यर, स्टीव स्मिथ, अमित मिश्रा, एनरिक नोत्र्जे, आवेश खान, बेन ड्वारशुइस, इशांत शर्मा, कैगिसो रबादा, कुलवंत खेजरोलिया, लुकमान मेरीवाला, प्रवीण दुबे, टाम कुर्रन, उमेश यादव, अक्षर पटेल, ललित यादव, मार्कस स्टोइनिस, रविचंद्रन अश्विन, सैम बिलिंग्स और विष्णु विनोद।


कोलकाता नाइटराइडर्स : इयोन मोर्गन (कप्तान), दिनेश कार्तिक, गुरकीरत सिंह मान, करुण नायर, नीतीश राणा, राहुल त्रिपाठी, शुभमन गिल, हरभजन सिंह, कमलेश नागरकोटी, कुलदीप यादव, लाकी फग्र्यूसन, पवन नेगी, एम प्रसिद्ध कृष्णा, संदीप वारियर, शिवम दुबे, टिम साउथी, वैभव अरोड़ा, वरुण चक्रवर्ती, आंद्रे रसेल, बेन कटिंग, शाकिब अल हसन, सुनील नरेन, वेंकटेश अय्यर, शेल्डन जैक्सन और टिम सीफर्ट।


विसे की ताबड़तोड़ पारी से जीती नामिबिया, नीदरलैंड्स को छह विकेट से दी शिकस्त

विसे की ताबड़तोड़ पारी से जीती नामिबिया, नीदरलैंड्स को छह विकेट से दी शिकस्त

नामिबिया ने डेविड विसे के ताबड़तोड़ अर्धशतक से बुधवार को यहां टी-20 विश्व कप के पहले दौर के ग्रुप-ए के मैच में अपने से ऊंची रैंकिंग की नीदरलैंड्स को छह गेंद रहते छह विकेट से हरा दिया। दक्षिण अफ्रीका के लिए भी टी-20 मैच खेल चुके विसे ने 40 गेंदों पर चार चौके और पांच छक्के की मदद से नाबाद 66 रन बनाए। इसके चलते नामिबिया ने 19 ओवर में चार विकेट पर 166 रन बनाकर जीत दर्ज की। नीदरलैंड्स ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में चार विकेट पर 164 रन का स्कोर बनाया था।


लक्ष्य का पीछा करते हुए नामिबिया ने नौ ओवर में 52 रन पर तीन विकेट गंवा दिए थे, लेकिन 36 साल के विसे ने अकेले दम पर नीदरलैंड्स को छह गेंद बाकी रहते हराने में मदद की। उन्होंने प्रतिद्वंद्वी टीम के कप्तान पीटर सीलार पर छक्का लगाकर महज 29 गेंद में करियर का पहला अंतरराष्ट्रीय अर्धशतक पूरा किया।


उन्होंने कप्तान गेरहार्ड इरास्मस (32) के साथ चौथे विकेट के लिए 51 गेंद में 93 रन की साझेदारी की। अंत में जेजे स्मिट ने आठ गेंद में नाबाद 14 रन बनाए। स्मिट ने 19वें ओवर की अंतिम दो गेंद पर दो चौके लगाकर टीम की जीत सुनिश्चित की। पदार्पण कर रही नामिबिया की पहले दौर के मैच में यह पहली जीत थी।


इससे पहले नीदरलैंड्स के सलामी बल्लेबाज मैक्स ओडोड (70) ने लगातार दूसरा अर्धशतक जड़ा और कोलिन एकरमैन (35) के साथ 82 रन की साझेदारी की। ओडोड की 57 गेंद की पारी में छह चौके और एक छक्का शामिल था। इस जीत से नामिबिया सुपर-12 चरण की दौड़ में बनी हुई है और पहले दौर के अंतिम मैच में उसे इसके लिए आयरलैंड को हराना होगा। वहीं, दो मैच हारने के बाद नीदरलैंड्स के अगले चरण में पहुंचने की संभावना काफी कम है।