मैं कभी भी आर अश्विन को अपनी T20 टीम में नहीं रखूंगा, पूर्व क्रिकेटर ने दिया बयान

मैं कभी भी आर अश्विन को अपनी T20 टीम में नहीं रखूंगा, पूर्व क्रिकेटर ने दिया बयान

भारत के पूर्व क्रिकेटर संजय मांजरेकर ने कहा है कि उनकी टी20 टीम में आर अश्विन जैसा गेंदबाज कभी नहीं होगा। पूर्व बल्लेबाज ने यह भी कहा कि वह सुनील नरेन या वरुण चक्रवर्ती जैसे विकेट लेने वाले गेंदबाजों को अपनी टीम में रखना पसंद करेंगे। मांजरेकर की टिप्पणी तब आई जब अश्विन इंडियन प्रीमियर लीग (आइपीएल) के दूसरे क्वालीफायर में कोलकाता नाइट राइडर्स (केकेआर) के खिलाफ आखिरी ओवर में सात रन का बचाव करने में विफल रहे।

अश्विन ने लगातार दो गेंदों पर शाकिब अल हसन और नरेन का विकेट चटकाकर असाधारण शुरुआत की, लेकिन उन्होंने राहुल त्रिपाठी को आफ स्टंप के बाहर हाफ-ट्रैकर वाइड दिया, जिसे बल्लेबाज ने लांग आफ के ऊपर से छक्के के लिए भेज दिया और केकेआर को तीन विकेट से जीत दिलाई। अश्विन काफी सहज लग रहे थे, लेकिन आखिरी ओवर की एक गेंद टीम पर भारी पड़ गई और टीम फाइनल की रेस से बाहर हो गई। इसी को लेकर गावस्कर ने अश्विन पर निशाना साधा है।

संजय मांजरेकर ने क्रिकइंफो से बात करते हुए कहा, "हमने अश्विन के बारे में बात करने में काफी समय खर्च किया है। T20 क्रिकेट में अश्विन एक गेंदबाज के रूप में किसी भी टीम के लिए बड़ी ताकत नहीं हैं। अगर आप अश्विन को बदलना चाहते हैं तो मुझे नहीं लगता कि ऐसा होने वाला है, क्योंकि वह पिछले पांच-सात सालों से ऐसे ही हैं। मैं समझ सकता हूं कि टेस्ट मैचों में हम अश्विन के साथ रहते हैं, जहां वह शानदार हैं। उनका इंग्लैंड में एक भी टेस्ट मैच नहीं खेलना एक उपहास था, लेकिन जब बात आइपीएल और टी20 क्रिकेट की हो तो अश्विन पर इतना समय बिताना सही नहीं है।"


उन्होंने आगे कहा, "मुझे लगता है कि उसने पिछले पांच वर्षों में हमें दिखाया है कि उसने बिल्कुल वैसी ही गेंदबाजी की है और मेरी टीम में अश्विन जैसा कोई नहीं होगा, क्योंकि अगर मुझे टर्निंग पिच मिलती है तो मैं वरुण चक्रवर्ती या सुनील नरेन या (युजवेंद्रा) चहल जैसे लोगों से उम्मीद करूंगा। वे अपना काम कैसे करते हैं, वे आपको विकेट दिलाते हैं।" संजय मांजरेकर ने यह कहते हुए अपनी बात को समाप्त किया कि विकेट लेने की क्षमता की कमी के कारण फ्रैंचाइजी अश्विन को टीम में रखने में दिलचस्पी नहीं ले सकती है। 56 वर्षीय ने कहा, "अश्विन लंबे समय से टी 20 क्रिकेट में विकेट लेने वाले गेंदबाज नहीं रहे हैं और मुझे नहीं लगता कि कोई फ्रेंचाइजी टीम में अश्विन को सिर्फ रन कम रखने के लिए चाहती है।"


विसे की ताबड़तोड़ पारी से जीती नामिबिया, नीदरलैंड्स को छह विकेट से दी शिकस्त

विसे की ताबड़तोड़ पारी से जीती नामिबिया, नीदरलैंड्स को छह विकेट से दी शिकस्त

नामिबिया ने डेविड विसे के ताबड़तोड़ अर्धशतक से बुधवार को यहां टी-20 विश्व कप के पहले दौर के ग्रुप-ए के मैच में अपने से ऊंची रैंकिंग की नीदरलैंड्स को छह गेंद रहते छह विकेट से हरा दिया। दक्षिण अफ्रीका के लिए भी टी-20 मैच खेल चुके विसे ने 40 गेंदों पर चार चौके और पांच छक्के की मदद से नाबाद 66 रन बनाए। इसके चलते नामिबिया ने 19 ओवर में चार विकेट पर 166 रन बनाकर जीत दर्ज की। नीदरलैंड्स ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में चार विकेट पर 164 रन का स्कोर बनाया था।


लक्ष्य का पीछा करते हुए नामिबिया ने नौ ओवर में 52 रन पर तीन विकेट गंवा दिए थे, लेकिन 36 साल के विसे ने अकेले दम पर नीदरलैंड्स को छह गेंद बाकी रहते हराने में मदद की। उन्होंने प्रतिद्वंद्वी टीम के कप्तान पीटर सीलार पर छक्का लगाकर महज 29 गेंद में करियर का पहला अंतरराष्ट्रीय अर्धशतक पूरा किया।


उन्होंने कप्तान गेरहार्ड इरास्मस (32) के साथ चौथे विकेट के लिए 51 गेंद में 93 रन की साझेदारी की। अंत में जेजे स्मिट ने आठ गेंद में नाबाद 14 रन बनाए। स्मिट ने 19वें ओवर की अंतिम दो गेंद पर दो चौके लगाकर टीम की जीत सुनिश्चित की। पदार्पण कर रही नामिबिया की पहले दौर के मैच में यह पहली जीत थी।


इससे पहले नीदरलैंड्स के सलामी बल्लेबाज मैक्स ओडोड (70) ने लगातार दूसरा अर्धशतक जड़ा और कोलिन एकरमैन (35) के साथ 82 रन की साझेदारी की। ओडोड की 57 गेंद की पारी में छह चौके और एक छक्का शामिल था। इस जीत से नामिबिया सुपर-12 चरण की दौड़ में बनी हुई है और पहले दौर के अंतिम मैच में उसे इसके लिए आयरलैंड को हराना होगा। वहीं, दो मैच हारने के बाद नीदरलैंड्स के अगले चरण में पहुंचने की संभावना काफी कम है।